घड़ी की आत्मकथा हिंदी निबंध | Ghadi Ki Atmakatha Hindi Nibandh
बाबा की तबीयत खराब होने के कारण मैं उन्हें अस्पताल लेकर गया। जब बाबा की बारी आई, तो डॉक्टर ने …
बाबा की तबीयत खराब होने के कारण मैं उन्हें अस्पताल लेकर गया। जब बाबा की बारी आई, तो डॉक्टर ने …
रोज रात में मैं अपने घर की छत पर जाता हूं और चंद्रमा की हल्की चांदनी के नीचे बैठकर विचार …
मैं इस घर में पिछले कई वर्षों से काम कर रही हूँ। मेरी उम्र 50 के पार है, और इस …
मित्रों, मैं एक साधारण लेकिन उपयोगी रेनकोट हूँ। मेरा जीवन भी एक अनोखे धागे से बुना गया है। मैं बारिश …
हरसाल की तरह इस साल भी हमारी स्कूल की पिकनिक जाने वाली है, ऐसा हमारे शिक्षकों ने हमें बताया। इस …
एक दिन मैं अपने घर की खिड़की पर बैठकर रात के आकाश को देख रहा था। आसमान तारे और चंद्रमा …
रेडियो पर बारिश का गीत बज रहा था। हर तरफ जैसे बारिश के स्वागत की तैयारी हो रही थी। गीत …
रविवार का दिन था और स्कूल की छुट्टी थी। मैं हमेशा की तरह घर के पास बने छोटे से बगीचे …
हमारे भारत देश को 15 अगस्त 1947 को आजादी मिली। 2022 में हम भारत के आजादी का अमृत महोत्सव मनानेवाले …
मै एक पेड़ हूँ। मेरा जन्म इसी मिट्टी मे हूआ। बरसों पहले मूझे किसीने बोया था। शूरखान में में एक …